आईसी इंजीनियरिंग क्या है? जाने कोर्स, स्कोप एंव नौकरी के बारे में

आईसी इंजीनियरिंग क्या है जाने कोर्स, स्कोप एंव नौकरी के बारे में
आईसी इंजीनियरिंग क्या है जाने कोर्स, स्कोप एंव नौकरी के बारे में

आज हर कोई चाहता है की उन्हें पढाई के बाद जल्दी से जल्दी जॉब मिल जाए, उन्हें जॉब पाने के लिए ज्यादा मेहनत ना करनी पड़े, पर आज जॉब पाने में कॉम्पिटिशन इतना है की आसानी से कोई भी जॉब नहीं मिलती है. आज जॉब पाने के लिए युवा इंजीनियरिंग करते है पर बहुत बार ऐसा होता है की वो समझ ही नहीं पाते हैं की उन्हें असल में किस फिल्ड में

इंजीनियरिंग करनी चाहिए. वैसे तो यह सच है की इंसान को वही काम करना चाहिए जो वह सबसे अच्छा कर सकता हो, इसलिए इंजीनियरिंग में अपना पेशन चुनना भी बहुत जरूरी है. इंजीनियरिंग में आज सबसे ज्यादा IC engineering Course को पसंद किया जा रहा है. आइये जानते हैं की आईसी इंजीनियरिंग क्या है? 

आईसी इंजीनियरिंग क्या है?

IC Engineering का पूरा नाम है इंस्ट्रूमेंटेशन एंड कंट्रोल इंजीनियरिंग यह इंजीयरिंग का वह विभाग है जहाँ पर नियन्त्रण प्रक्रिया, स्वचालित प्रणाली पर काम सिखाया जाता है. इसमें निर्माण की गई मशीन के कंट्रोल पर काम सिखाया जाता है.

आईसी इंजीनियरिंग एक अंडरग्रेजुएट प्रोग्राम है इसमें 12वीं के बाद छात्र B.Tech/BE कर सकते हैं. छात्र चाहे तो बीटेक/बीई के बाद एमटेक आईसी इंजीनियरिंग में पीएचडी भी कर सकते हैं.

आईसी इंजीनियरिंग करने के लिए योग्यता क्या होनी चाहिए

यदि कोई छात्र या छात्रा आईसी इंजीनियरिंग करना चाहता है तो उसके 12वीं कक्षा में साइंस स्ट्रीम में भौतिकी, रसायन और गणित विषयों में 50 प्रतिशत से ज्यादा अंको से उत्तीर्ण होना आवश्यक है. आईसी इंजीनियरिंग करने के लिए छात्र को बीटेक/बीई में प्रवेश लेना होगा. 

ध्यान दें: इंस्ट्रूमेंटेशन एंड कंट्रोल इंजीनियरिंग करने के लिए बीटेक में प्रवेश लेने के लिए छात्रों को प्रवेश परीक्षा भी देनी पड़ सकती है. क्योंकि कुछ संस्थान मैरिट के अनुसार तो कुछ प्रवेश परीक्षा के अनुसार प्रवेश देती है. इसलिए छात्र को प्रवेश परीक्षा पास करना जरूरी है. 

आईसी इंजीनियरिंग में बीटेक का पाठ्यक्रम एंव कोर्स अवधि

आईसी इंजीनियरिंग करने के लिए छात्र/छात्रा बीटेक के आईसी इंजीनियरिंग प्रोग्राम में प्रवेश ले सकते हैं. यह अंडरग्रेजुएट कोर्स है, इस कोर्स की अवधि 4 वर्ष की है एंव इसमें 8 समेस्टर होते हैं. जिनमे हर एक समेस्टर का पाठ्क्रम 6 महीने में बदलता है. आईसी इंजीनियरिंग की फीस की बात करें तो यह 65,000 रूपए से 4,50,000 रूपए तक हो सकती है. 

ध्यान दें: IC इंजीनियरिंग की फीस अलग-अलग राज्य में अलग-अलग हो सकती है, इसलिए फीस की जानकारी के लिए आप अपने नजदीकी IC Engineering  संस्थान से संपर्क जरुर करें. 

आईसी इंजीनियरिंग में मुख्य पढ़े जाने वाले विषय

बात की जाए आईसी इंजीनियरिंग में पढ़े जाने वाले विषयों की तो इसमें मुख्यत: इलेक्ट्रॉनिक्स, सोफ्ट्वेयर, प्रोग्रामिंग, रोबोटिक्स, इलेक्ट्रिकल एंव मेक्ट्रोनिक्स की जानकारियां साझा की जाती है. बात की जाए आईसी इंजीनियरिंग के विषयों की तो यह विषय इस तरह है जिन्हें अध्ययन में शामिल किया गया है– 

  1. इंजीनियरिंग गणित 

2. इंजीनियरिंग भौतिकी 

3. इंजीनियरिंग ग्राफिक्स

4. इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग के तत्व 

5. मैकेनिकल इंजीनियरिंग के तत्व 

6. ठोस के यांत्रिकी पर्यावरण विज्ञान 

7. सिविल इंजीनियरिंग के तत्व 

8. कंप्यूटर प्रोग्रामिंग की मूल बातें 

9. कार्यशाला (व्यावहारिक)

आईसी इंजिनियर का काम क्या है?

आईसी इंजिनियर का काम इंस्ट्रूमेंटेशन और नियंत्रण का होता है. यानि किसी भी निर्मित मशीन को कैसे काम करवाना है. यह काम आईसी इंजिनियर का होता है. आप जानते होंगे की हर एक मशीन में आईसी मुख्य होता है इसी की मदद से मशीन का पूरा सिस्टम कंट्रोल में रहता है एंव हमारे मुताबिक कार्य करता है. एक आईसी इंजिनियर ही एक रोबोट के अंदर उसका कार्य फीड करता है. 

आईसी इंजीनियरिंग का स्कोप

आज भारत एंव विश्वभर में विनिर्माण एंव निर्माण का कार्य बहुत तेजी से बढ़ रहा है. दुनिया रोबोटिक्स होती जा रही है. आज सभी काम रोबोट की मदद से ही होता है चाहे वह रोबोटिक्स रूप में कार हो या मोबाइल सब रोबोटिक्स है. ऐसे में

इन सभी के निर्माण कार्य में आईसी इंजिनियर की मुख्य भूमिका होती है. यह कार्य कभी बंद नहीं होगा एंव इसमें हर साल बहुत तेजी से बदलाव होता जा रहा है एंव आईसी इंजिनियर की डिमांड भी बढती जा रही है. 

ध्यान दें: कोई भी आईसी इंजिनियर किसी भी बड़ी रोबोटिक्स निर्माण कंपनी में आसानी से जॉब पा सकता हैं. उसके लिए उसके पास आईसी इंजिनियर का डिप्लोमा, डिग्री होना आवश्यक है. 

आईसी इंजिनियर के लिए जॉब अवसर

आईसी इंजिनियर को आसानी से बड़ी कंपनियां जैसे कार निर्माण कंपनी, मोबाइल निर्माण कंपनी, टेलिकॉम कंपनी, रोबोट निर्माण कंपनी एंव प्लेन निर्माण कंपनी में जॉब मिल सकती है. आज हर तरफ आईसी इंजिनियर की मांग बहुत ज्यादा है.

वह आसानी से किसी भी कंपनी में कार्य कर सकता है इतना ही नहीं एक आईसी इंजिनियर चाहे तो खुद की रोबोटिक्स निर्माण कंपनी भी बना सकते है. इसके अलावा वह चाहे तो किसी भी संस्थान में आईसी से जुड़े विषयों पर पढ़ा भी सकते हैं. 

आईसी इंजिनियर की जॉब प्रोफाइल

आईसी इंजिनियर इन जॉब प्रोफाइल के साथ काम कर सकते है यह इस तरह है– 

  1. इंस्ट्रूमेंटेशन इंजीनियर

2. नियंत्रण प्रणाली इंजीनियर

3. सिस्टम डिज़ाइन इंजीनियर

4. नियंत्रण प्रणाली प्रोग्रामर

5. परीक्षण इंजीनियर

6. तकनीशियन

7. इंस्ट्रूमेंटेशन साइट इंजीनियर

आईसी इंजिनियर की अनुमानित सैलेरी

बात की जाए आईसी इंजिनियर की अनुमानित सैलेरी की तो यह उसकी कार्यकुशलता पर डिपेंड करती है. वैसे किसी भी कंपनी में शुरूआती सैलेरी उसे 10,000 रूपए से 30,000 रूपए प्रतिमाह मिल सकती है. इसके अलावा आईसी इंजिनियर की कार्य कुशलता एंव एक्सपीरियंस के आधार पर 50,000 रूपए से 100,000 रूपए तक की सैलेरी उसे प्रति माह मिल सकती है. 

आईसी इंजीनियरिंग से जुड़ा हमारा यह आर्टिकल आपको कैसा लगा हमें जरुर बताएं, एंव IC ENGINEERING से जुड़ा कोई सवाल हो तो आप कमेंट बॉक्स में जरुर लिखें, हम आपके सवालों का जवाब देने की कोशिश अवश्य करेंगे. 

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